इतिहास संकलन समिति ने नारलाई के ऐतिहासिक स्थलों का अवलोकन कर किया अध्ययन अनुसंधान

देसूरी। इतिहास संकलन समिति मरु क्षेत्र जोधपुर की टीम ने इतिहासविद् विजय सिंह माली के निर्देशन में नारलाई आकर स्थानीय ऐतिहासिक, सांस्कृतिक व धार्मिक स्थलों का अवलोकन कर अध्ययन अनुसंधान के लिए तथ्य संकलित किए।
इतिहास संकलन समिति मरु क्षेत्र के स्थानीय संयोजक एडवोकेट राजेंद्र सिंह गेहलोत ने बताया कि माली ने स्थानीय श्री आई माता जैकल मंदिर,भंवर गुफा, ब्रह्मा मंदिर, लक्ष्मीनारायण मंदिर, ब्राहाणी माता मंदिर, चारभुजा मंदिर,सोनगरा गढ प्राचीर, मंडोरा भैरु मंदिर, आरणगढा हनुमान मंदिर,हिंगलाज माता मंदिर व जैन मंदिरों का अवलोकन कर ऐतिहासिक तथ्यों का संकलन किया।
माली ने शेखर मीणा,प्रभुदास वैष्णव,नारुराम मीणा, जगदीश सिंह गेहलोत, महेंद्र सिंह गेहलोत सहित कई प्रबुद्धजनों से भेंटकर नारलाई के गौरवशाली इतिहास को लेकर चर्चा की। माली के साथ समिति के ललितेश मेघवाल, प्रकाश चंद्र मोबारसा व गौरीशंकर गोयल भी उपस्थित रहे।

गेहलोत ने बताया कि इतिहास के तथ्यों का संकलन करते समय कई नई जानकारियां भी मिली जिसे संकलित कर अध्ययन अनुसंधान किया जाएगा। गेहलोत ने बताया कि माली के निर्देशन में नारलाई के सभी ऐतिहासिक स्थलों का अवलोकन अध्ययन अनुसंधान कर युगयुगीन नारलाई नाम से ब्रोशर व स्मारिका तैयार की जाएगी जिसका विमोचन समिति द्वारा आयोजित संगोष्ठी में किया जाएगा। समिति द्वारा आगामी दिनों में नारलाई के अन्य ऐतिहासिक स्थलों की भी विजिट की जाएगी।
उल्लेखनीय है कि इतिहास संकलन समिति मरु क्षेत्र गोड़वाड़ के प्राचीन गौरवशाली इतिहास को आमजन के सम्मुख लाने के लिए युगयुगीन गोड़वाड़ परियोजना के तहत गोड़वाड़ के सभी गांवों का इतिहास चरणबद्ध ढंग से संकलित कर अध्ययन अनुसंधान कर रही है। नारलाई गोड़वाड़ के ऐतिहासिक गांवों में से एक है जो अपने गौरवशाली इतिहास के लिए प्रसिद्ध है।













