प्रथम विशाल रक्तदान शिविर में उमड़ा उत्साह, भक्तों और मातृशक्ति ने 125 यूनिट रक्तदान कर पेश की मानव सेवा की मिसाल

Prabhu Lal
संकटवीर बालाजी सेवा संस्थान के सानिध्य में हुआ आयोजन, सेंट मीरा कॉन्वेंट सेकेंडरी स्कूल उमराव पैलेस में रक्तदाताओं ने बढ़-चढ़कर लिया भाग
भीलवाड़ा। रविवार, 4 अक्टूबर को मोती बावजी चौराहा, सांगानेर रोड स्थित सेंट मीरा कॉन्वेंट सेकेंडरी स्कूल, उमराव पैलेस में संकटवीर बालाजी सेवा संस्थान के सानिध्य में प्रथम विशाल रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। संकटवीर बालाजी के समस्त भक्तगण एवं मातृशक्ति के सहयोग से आयोजित शिविर में रक्तदाताओं ने उत्साह और सेवाभाव के साथ भाग लेते हुए कुल 125 यूनिट रक्त संग्रहित किया।
प्रथम रक्तदान शिविर में सुबह से ही रक्तदान करने वालों में उत्साह देखने को मिला। संकटवीर बालाजी के भक्तों के साथ मातृशक्ति ने भी बढ़-चढ़कर भागीदारी निभाई। रक्तदाताओं ने स्वेच्छा से रक्तदान कर जरूरतमंद मरीजों की जिंदगी बचाने के पुनीत कार्य में अपना योगदान दिया। आयोजन स्थल पर सेवा, सहयोग और समर्पण का माहौल रहा।
आस्था के साथ मानव सेवा का संदेश
संकटवीर बालाजी सेवा संस्थान के सानिध्य में आयोजित इस प्रथम रक्तदान शिविर के माध्यम से धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक सरोकारों को भी प्राथमिकता दी गई। आयोजकों का उद्देश्य रक्तदान के प्रति जागरूकता बढ़ाना और जरूरतमंद मरीजों को समय पर रक्त उपलब्ध करवाने में सहयोग करना रहा। शिविर में युवाओं और मातृशक्ति की भागीदारी ने आयोजन को विशेष बना दिया।

रक्तदान को महादान बताते हुए लोगों ने समाज के प्रत्येक सक्षम व्यक्ति से रक्तदान जैसे पुनीत कार्य में आगे आने की अपील की। रक्त की एक-एक बूंद किसी जरूरतमंद मरीज के लिए जीवनदान साबित हो सकती है। इसी भावना के साथ रक्तदाताओं ने मानवता की सेवा का संकल्प लिया।
125 यूनिट रक्त संग्रहित, सहयोगकर्ताओं का जताया आभार
प्रथम रक्तदान शिविर में 125 यूनिट रक्त संग्रहित होने पर संकटवीर बालाजी सेवा संस्थान के सदस्यों एवं आयोजकों ने खुशी जताई। उन्होंने शिविर को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी रक्तदाताओं, मातृशक्ति, बालाजी भक्तों और सहयोगकर्ताओं का आभार व्यक्त किया।
आयोजकों ने कहा कि समाज के सामूहिक सहयोग और सेवा भावना से ही ऐसे जनकल्याणकारी आयोजन सफल होते हैं। संस्थान की ओर से भविष्य में भी मानव सेवा और सामाजिक सरोकारों से जुड़े कार्यक्रम आयोजित करने की भावना व्यक्त की गई।











