एशिया के सबसे बड़े जुलूस-ए-मोहम्मदी में शामिल हुए गुलाम-ए-मुस्तफा हयात ज़फर हाशमी





कानपुर। दिनांक 26/08/2026 को विलादत-ए-मुस्तफा ﷺ के मुबारक मौके पर कानपुर में जमीयतुल उलेमा कानपुर की कयादत में निकलने वाले जुलूस-ए-मोहम्मदी में समाजी तंज़ीम एमएमए जौहर फैन्स एसोसिएशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं गुलाम-ए-मुस्तफा हयात ज़फर हाशमी ने अपनी टीम के साथ शिरकत की।
दुरूद-ओ-सलाम के साथ परेड से रवाना होकर जुलूस अपने तयशुदा मार्गों से होता हुआ फूलबाग पहुँचा। रास्ते भर जगह-जगह लोगों ने गुलाम-ए-मुस्तफा हयात ज़फर हाशमी का इस्तकबाल किया।
इस मौके पर कई स्थानों पर आवाम को खिताब करते हुए हयात ज़फर हाशमी ने कहा कि पैगम्बर-ए-इस्लाम ﷺ की सुन्नतों पर चलकर ही असल कामयाबी हासिल की जा सकती है। सिर्फ लंगर, स्टेज या सजावट से अल्लाह और उसके रसूल ﷺ को राज़ी नहीं किया जा सकता। पैगम्बर-ए-इस्लाम ﷺ को सच्ची खिराज-ए-अकीदत उस वक्त होगी, जब मुसलमान मुस्तफा करीम ﷺ की सुन्नतों को अपनी ज़िंदगी में उतारकर उस पर चलने का अहद करेगा।
उन्होंने कहा कि ईद मिलादुन्नबी ﷺ का पैगाम सिर्फ जश्न मनाने तक सीमित नहीं, बल्कि सीरत-ए-मुस्तफा ﷺ को अपनी जिंदगी का हिस्सा बनाने का पैगाम है।
इस अवसर पर टीम हयात ज़फर हाशमी में अकील लाला, मोहम्मद ईशान, मोहम्मद शफी बाबू, आमिर जावेद अंसारी एडवोकेट, हाफ़िज़ वाहिद अली रजवी, फैज़ बेग, सैय्यद सलमान, फैसल मंसूरी, आदिल कुरैशी, शहनावाज़ अंसारी, जावेद मोहम्मद खान, सूफी इश्तियाक निजामी आदि मौजूद रहे!




